You Are Here: Home » UTTAR PRADESH » हो जाएं सावधान: पैसों के लालच में नौकर कर रहे हैं भरोसे का कत्ल

हो जाएं सावधान: पैसों के लालच में नौकर कर रहे हैं भरोसे का कत्ल

राजधानी में हत्या जैसी जघन्य अपराधों को दे चुके हैं अंजाम
पुलिस बेरीफिकेशन न कराने से नौकरों को नहीं रहता डर
पुलिस की सक्रियता से कई जा चुके हैं सलाखों के पीछे

वीकएंड टाइम्स न्यूज़ नेटवर्क
लखनऊ। अगर आप अपने नौकरों पर आंख मूंदकर भरोसा करते हैं तो सावधान हो जाइये। पैसों के लालच में कई नौकर भरोसे का कत्ल कर चुके हैं। पिछले दिनों हुई ऐसी कई जघन्य वारदातेें इसकी गवाही दे रही हैं। वर्षों से घर में रह रहे नौकरों ने न केवल अपने मालिक और उसके परिवार के अन्य सदस्यों को मौत की नींद सुला दिया बल्कि नगदी और जेवर लेकर फरार हो गए। वहीं पुलिस का कहना है कि घर में नौकर रखने से पहले उनका बेरीफिकेशन अवश्य करवा लेना चाहिए। इससे नौकरों पर एक मनौवैज्ञानिक दबाव बना रहता है और वे ऐसी वारदात को अंजाम देने से पहले कई बार सोचेंगे।
नौकरों ने राजधानी में ऐसी कई जघन्य वारदातों को अंजाम दिया है जिससे लोगों की रूह कांप गयी है। नाका थाना क्षेत्र स्थित आर्यनगर निवासी राजीव मेहरोत्रा की पत्नी बीना मेहरोत्रा की उन्हीं के घर में चार साल से नौकरी कर रहे लक्ष्मीकान्त गोस्वामी ने हत्या कर दी। सीसीटीवी फुटेज और गहन जांच-पड़ताल के बाद पुलिस ने नौकर लक्ष्मीकान्त गोस्वामी को धर दबोचा। पूछताछ में लक्ष्मीकांत ने बताया कि उसे पता चला कि उनके मालिक के घर में 25 लाख रूपये रखे हैं। वह रूपये के लालच में घर में घुसा और पैसे ढूंढने लगा। इसी दौरान बीना पहुंच गयीं। बीना ने उसे फटकार लगाई। इस पर लक्ष्मीकान्त ने उसका कत्ल कर दिया। फिलहाल पुलिस ने उसे सलाखों के पीछे भेज दिया है। ऐसी ही एक घटना कृष्णानगर क्षेत्र में भी हुयी। जहां पर एक इंजीनियर ने एक व्यक्ति पर भरोसा करके उसे अपने घर में शरण दी। उसको परिवार के सदस्य की तरह घर में रखा और उससे घर का काम करवाता था। नौकर हरिप्रसाद को बाद में इंजीनियर ने चपरासी की नौकरी दिला दी। जब इंजीनियर अपने काम के सिलसिले में शहर के बाहर गये थे, उसी दौरान उनकी पत्नी की हत्या कर दी गयी है। उन्होंने अपने नौकर हरिप्रसाद पर शक जाहिर किया। पुलिस ने पूछताछ की तो शक सही निकला। हरिप्रसाद ने कबूल किया कि उसने अपनी पत्नी माधुरी के साथ संजय चौहान की पत्नी रेखा की हत्या कर दी थी। पुलिस ने आरोपी नौकर और उसकी पत्नी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। नौकर द्वारा मालिक की हत्या का एक मामला चिनहट क्षेत्र में भी प्रकाश में आया। यहां सूर्या अपार्टमेंट में रेनू गुप्ता अपने बेटे के साथ रहती थी और इनके घर में छोटू नाम का नौकर रहता था। बताया जाता है कि रेखा गुप्ता के पति ने अपने एक दोस्त नवनीत जायसवाल को ब्याज पर 25 लाख रूपये दिये थे और उनकी मौत के बाद नवनीत की नियत खराब हो गयी और उसने रेखा के नौकर छोटू को लालच देकर अपने साथ मिला लिया और रेखा को पैसा देने के बहाने घर से बुला लिया। बहराइच के कैसरगंज में ले जाकर उनकी हत्या कर दी। पुलिस ने नौकर छोटू को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ की तो पूरा मामला प्रकाश में आया और पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इन सभी वारदातों से साफ है कि पैसे के लालच में नौकरों ने अपने मालिक या उनके रिश्तेदारों की हत्या कर दी है। दरअसल, नौकर रखने के पहले पुलिस वेरिफिकेशन नहीं कराने के कारण नौकरों में किसी प्रकार का डर नहीं होता है। लिहाजा वे वारदात को अंजाम देकर फरार हो जाते हैं। हालांकि इन सभी घटनाओं में पुलिस की सक्रियता के कारण आरोपी पकड़े गए और उन्हें सलाखों के पीछे भेज दिया गया है।

नौकर रखने से पहले उनका पुलिस वेरिफिकेशन करवाना बहुत जरूरी है। इसके अलावा अपने घर में रखी हुई कीमती चीजें और नगदी के बारे में कभी भी किसी नौकर या अपरिचित को जानकारी नहीं देनी चाहिए। यदि किसी नौकर का व्यवहार अचानक बदल जाए तो इसकी जानकारी तुरंत पुलिस को देनी चाहिए ताकि समय रहते उससे पूछताछ की जा सके।
-दीपक कुमार, एसएसपी
एक इंजीनियर ने एक व्यक्ति पर भरोसा करके उसे अपने घर में शरण दी। उसको परिवार के सदस्य की तरह घर में रखा। वह उससे घर का काम करवाता था। नौकर हरिप्रसाद को बाद में इंजीनियर ने चपरासी की नौकरी दिला दी। जब इंजीनियर अपने काम के सिलसिले में शहर के बाहर गये थे, उसी दौरान उनकी पत्नी की हत्या कर दी गयी है। उन्होंने अपने नौकर हरिप्रसाद पर शक जाहिर किया। पुलिस ने पूछताछ की तो शक सही निकला।

All Rights Reserved to Weekand Times . Website Developed by Prabhat Media Creations.